हल्दवानी : प्रदेश भाजपा कार्यालय में भाजपा के सह मीडिया प्रभारी बलजीत सिंह सोनी ने प्रेस कान्फ्रेंस करके इस  फर्जीवाडे़ की कहानी बयान की। उन्होंने बताया कि प्रदेश अध्यक्ष के नकली लेटर हेड का इस्तेमाल करते हुए किसी ने यूपी विजिलेंस एस्टैबलिशमेंट के गोमती नगर लखनऊ स्थित कार्यालय में चिट्ठी भेजी।
इसमें तीन अक्टूबर 2017 की तारीख अंकित है। इस पत्र में यूपी आवास विकास परिषद के संपति प्रबंधक राम किशन सिंह के खिलाफ कई शिकायतों का जिक्र किया गया है।नकली लेटर हेड में अजय भट्ट के फर्जी दस्तखत भी किए गए हैं। उत्तराखंड भाजपा को इस मामले की जानकारी तब हुई जब 28 दिसंबर 2017 की आयकर विभाग की एक चिट्ठी प्रदेश अध्यक्ष को मिली। इसमें संपत्ति प्रबंधक के खिलाफ मामले में की जा रही कार्रवाई का जिक्र किया गया है।
पत्र की प्रति नीचे है –
प्रिय महोदय,
आपके संज्ञान में लाना है कि मेरे लेटर हेड का कुछ लोगों द्वारा फर्जी तरीके से नकल एवं मेरे जाली हस्ताक्षर करके यूपी विजिलेंस एस्टैबलिशमेंट, टीसीवी, 44 विभूति खंड, गोमती नगर लखनऊ को एक पत्र प्रेषित किया गया है, जिसमें श्री रामकिशन सिंह, संपत्ति प्रबंधक उत्तर प्रदेश आवास एवं विकास परिषद लखनऊ के खिलाफ जांच किए जाने के संबंध में लिखा गया है।

कुछ लोग एक सोची समझी रणनीति के तहत पार्टी के लेटर हेड और मेरे जाली हस्ताक्षर करके इस प्रकार के घृणित कार्य कर जानबूझकर मेरी छवि को बदनाम करने की कोशिश कर रहे हैं, जो एक बहुत बड़ी साजिश हो सकती है। यदि किसी दूसरे राज्य के कोई अधिकारी पर भ्रष्टाचार के आरोप लग रहे हैं तो वहां के स्थानीय नेता जांच किए जाने हेतु वहां की सरकार/जांच एजेंसी से अनुरोध को सक्षम हैं।

मेरे कार्यालय द्वारा उक्त पत्रांक का आज तक कोई भी पत्र जारी नहीं किया गया है। यहां यह अवगत कराना भी आवश्यक है कि महानिदेशक आयकर विभाग (विजिलेंस) नई दिल्ली द्वारा उक्त पत्र के संबंध में की गई कार्रवाई का उत्तर आपकी सुलभ सुविधा हेतु संलग्न प्रार्थना पत्र के साथ प्रेषित कर रहा हूं।
अत:मेरा आपसे आग्रह है कि मामले की गंभीरता को देखते हुए तत्काल उपरोक्त प्रकरण की उच्च स्तरीय जांच एवं दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई किए जाने के संबंध में आवश्यक कार्रवाई करने का कष्ट करें ताकि भविष्य में इस प्रकार की घटना की पुनरावृत्ति न हो, यदि कृत कार्रवाई से मुझे भी अवगत करा दें, तो आपका आभारी रहूंगा।
अजय भट्ट