तहसील के राजस्व अभिलेखों में गड़बड़ी, जिंदा को मृतक दिखाकर खतौनी में चढ़ा दिया दूसरा नाम

69

हल्द्वानीः तहसील के राजस्व अभिलेखों में सरकारी कर्मचारियों की लापरवाही फिर सामने आई है। एक जिंदा व्यक्ति को मृत दिखाने का मामला सामने आया है। इस लापरवाही के चलते विधुत विभाग के रिटायर्ड दिनेश चंद्र सनवाल न( निवासी  आदर्श नगर तल्ली बमोरी बंदोबस्ती मुखानी) को परेशानी का सामना करना पड़ा।

दिनेश चंद्र सनवाल ने 33 वर्ष पहले भू र्निमित भवन खरीदा था,6 महीने पहले रिटायर्ड दिनेश ने अपने भवन को दो मंजिला करवाने के लिए मानचित्र की आवश्यकता पड़ी। इसके लिए वो अपनी खतौनी निकालने के लिए तहसील गए और वहां जो उन्होंने सुना उसके बाद मानों  पैरों तले जमीन खिसक गई। तहसील में बताया गया कि कि उनके नाम पर कोई भी खतौनी नही है,फिर वह अपने घर  की रजिस्ट्री लेकर पहुंचे, तब उन्हे पता चला की उनकी खतौनी में निश्चय तिवारी  को वारिसाना के रूप में चढ़ाया गया है।

सभी कुछ सामने आने के बाद भी दिनेश चंद्र सनवाल की परेशानी कम नहीं हुई है। वह तब से वे अपने जीवित होने का प्रमाण आधार कार्ड़, पहचान पत्र औरं भी कई कागजो के सहारे खतौनी में अपना नाम चढ़ाने के लिए तहसील के चक्कर काट रहे है। उन्होंने बताया कि एक भूखंड भट्ट बंधूओं से खरीदा था जिसकी दाखिल खारिज 11 मार्च 1985 को उनके नाम किया गया था। इसके बाद वो अपने परिवार के साथ यहां पर रह रहे थे।

इस घटना की जानकारी 24 नंवबर को कुंवरपुर गौलापार में हुए बहुउद्देश्यीय शिविर में भी प्रार्थना पत्र के द्वारा दी थी ।

जिसके बाद पीआर आर्या ने खतौनी पर कार्य करने की बात कही थी और कुछ समय का वकत मांगा था लेकिन अभी तक वो अटका हुआ है। इस बार तहसीलदार ने बताया कि खसरा खतौनी में नाम सही करने के आदेश दे दिए गए है। खतौनी सही होने में वक्त लगता है वहीं जिंदा व्यक्ति को मृत कैसे दिखाया गया इसकी जांच की जा रही है। वहीं एसडीएम एपी वाजपेयी ने कहा कि यह एक गंभीर मामला है। दोषी अधिकारियों व कार्मचारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।