मुख्यमंत्री आंचल अमृत योजना शुभारम्भ,2.5 लाख बच्चों को निशुल्क मिलेगा दूध

देहरादूनः जल्द ही प्रदेश के 20 हजार आंगनबाड़ी केंद्रों के 2.5 लाख बच्चों को सप्ताह में दो दिन 100-100 एमएल दूध निशुल्क उपलब्ध करवाया जाएगा। गुरूवार को परेड़ ग्राउन्ड, देहरादून में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने मुख्यमंत्री आंचल अमृत योजना का शुभारम्भ किया। डेयरी विकास विभाग, उत्तराखण्ड सहकारी डेयरी फेडरेशन लि. व महिला सशक्तिकरण एवं बाल विकास विभाग के संयुक्त तत्वाधान में प्रारम्भ की गई इस योजना में आंगनबाड़ी केंद्रों को सुगंधित मीठा स्किम्ड मिल्क पाउडर उपलब्ध करवाया जाएगा।

योजना का विधिवत शुभारम्भ करते हुए मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने कहा कि बच्चे स्वस्थ हों तो देश का भविष्य भी स्वस्थ व सुरक्षित रहेगा। बचपन में ही पोष्टिक आहर उपलब्ध हों तो पूरा जीवन शरीर व मन स्वस्थ रहता है। हमें अपने प्रदेश में दूध का उत्पादन बढ़ाने के प्रयास करने होगें। इसमें सहकारी संस्थाओं की महत्वपूर्ण भूमिका है। बाहर से अधिक दूध देने वाले पशु लाए जा सकते हैं। हमारी सरकार ने दुग्ध समूहों के क्षमता विस्तार के लिए 24 करोड़ रूपए व पशुपालकों को 8 हजार गायें अभी तक दी हैं। चारा यातायात अनुदान में 8 करोड़ रूपए दिया गया है।

सहकारी मंत्री डा. धनसिंह रावत ने कहा कि मुख्यमंत्री आंचल अमृत योजना एक बड़ी सौगात है। इसका आने वाले समय में बड़ा प्रभाव देखने को मिलेगा। प्रदेश के 20 हजार आंगनबाड़ी केंद्रों के 2.5 लाख बच्चों को सप्ताह में दो दिन 100-100 एमएल दूध निशुल्क उपलब्ध करवाया जाएगा।

महिला सशक्तिकरण एवं बाल विकास मंत्री रेखा आर्य ने कहा कि कुपोषण के खिलाफ लड़ाई प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी ने शुरू की थी। उत्तराखण्ड सरकार इसे आगे बढ़ाने का काम कर रही है। प्रदेश में 18 हजार बच्चे कुपोषण क शिकार हैं। इनके साथ ही आंगनबाड़ी केंद्रों के सभी बच्चे लाभान्वित होंगे। पोषण होगा तभी उत्तराखण्ड रोशन होगा।