श्रीसंत से हटा आजीवन बैन, बोले क्रिकेट खेलने के लिए हूं तैयार, ये खेल सकते हैं तो मैं क्यों नहीं…

610

हल्द्वानी: भारतीय टीम विश्वकप की तैयारी कर रही है,इसी बीच एक ऐसी खबर सामने आ रही है जिसने साल 2013 के आईपीएल में सनसनी मचा दी थी। भारत के कई खिलाड़ियों पर मैच फिक्सिंग के आरोप लगे थे। इस लिस्ट में भारत के लिए वर्ल्ड टी-20 और विश्वकप 2011 में भारतीय टीम का हिस्सा रहे एस श्रीसंत का भी नाम सामने आया था। इसके बाद बीसीसीआई ने श्रीसंत को आरोपी मानते हुए आजीवन बैन लगा दिया था। इसके बाद श्रीसंत ने  कोर्ट में याचिका दायर की थी।

शुक्रवार को कोर्ट ने इस केस में बड़ा फैसला सुनाते हुए श्रीसंत ने लाइफ बैन हटाया दिया है। श्रीसंत अब फिर से क्रिकेट खेल पाएंगे। इसके लिए  न्यायालय ने बीसीसीआई की कमेटी को तीन माह के भीतर श्रीसंत पर कार्रवाई को लेकर दोबारा विचार करने का आदेश भी दिया है।

बता दें कि सुप्रीम कोर्ट ने श्रीसंत को आंशिक राहत दी है। श्रीसंत के पक्ष में वह दलील गई थी कि निचली अदालत और हाईकोर्ट से राहत मिलने के बाद आजीवन प्रतिबंध क्यों नहीं हटाया जा रहा। इसके बाद सुप्रीम कोर्ट ने श्रीसंत के पक्ष में फैसला सुनाते हुए आजीवन प्रतिबंध तो हटा दिया, लेकिन बीसीसीआई की संस्थानात्मक कार्रवाई को ध्यान में रखते हुए तीन महीने में अपने फैसले को लेकर विचार करने को भी कहा है।

इस फैसले के बाद श्रीसंत ने खुशी जाहिर की है और कहा कि वो क्रिकेट के मैदान पर लौटने के लिए तैयार हैं। उन्होंने कहा कि अगर लिएंडर पेस 45 साल की उम्र में ग्रैंडस्लैम खेल सकते हैं तो मैं भी क्रिकेट खेल सकता हूं। श्रीसंत साल 2005 में श्रीलंका के खिलाफ घरेलू वनडे सीरीज़ में डेब्यू किया था। वनडे में उनकी गेंद को स्विंग करने की कला ने जल्द श्रीसंत को टेस्ट टीम में भी जगह दे दी। श्रीसंत ने भारत के लिए खेलते हुए 27 टेस्ट में 87 विकेट चटकाए तो 53 वन-डे 75 विकेट उनके नाम है।