उत्तराखण्ड की राजधानी में होगा विदेशों जैसा सफर,चलेगी रोपवे !

राजधानी देहरादून में  मंहगी मेट्रो और लाइट रेल ट्रांजिट (एलआरटी) की जगह केबल कार यानी रोपवे का निर्माण किए जाने की बात कही जा रही है। इसके पीछ कारण  मेट्रो और लाइट रेल ट्रांजिट (एलआरटी) का महंगा होना है। रोपवे के लिए राजधानी में संभावनाएं तलाश की जा रही है।

मुख्य सचिव उत्पल कुमार सिंह के सामने प्रस्तावित प्लान को प्रस्तुत भी किया जा चुका है। हालांकि अंतिम मुहर मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र रावत के अनुमोदन पर ही लगेगी।  सरकार ने राजधानी सहित हरिद्वार और ऋषिकेश में सार्वजनिक परिवहन के तौर मेट्रो रेल सिस्टम विकसित करने के लिए मेट्रो रेल कार्पोरेशन का गठन किया है।मेट्रो रेल को लेकर सर्वेक्षण भी हो चुका है, लेकिन उसका खर्च काफी अधिक है, जिसके चलते मेट्रो का सपना फिलहाल ठंडे बिस्तर में चला गया है।

 एलआरटी प्रणाली को लेकर भी मंथन हो चुका है। हरिद्वार में इसकी संभावनाओं को देखा जा रहा है, लेकिन देहरादून में जगह की कमी के चलते प्रोजेक्ट आसान नहीं रहेगा।अब तीसरे विकल्प केबल कार का है। इसकी लागत मेट्रो प्रोजेक्ट के मुकाबले काफी कम है। इसके लिए बोलिविया के लॉ पाज शहर में स्थापित केबल कार नेटवर्क का अध्ययन किया गया है। लॉ पाज का भोगौलिक स्वरूप भी देहरादून की तरह पहाड़ीनुमा है। ऐसे में कहा जा रहा है कि ये प्रोजेक्ट को देहरादून में कारगर साबित हो सकता है। लागत के लिहाज से ये प्रोजेक्ट सस्ता है, जबकि भूमि की कम उपलब्धता के बावजूद भी इसे बनाया जा सकता है। प्रोजेक्ट की तैयार की गई रिपोर्ट को अब मुख्यमंत्री के समक्ष प्रस्तुत किया जाना है, जिसके बाद ही आगें की कार्यवाही होगी।